Home मध्य प्रदेश CM मोहन यादव से मुलाकात के बाद सफाई कर्मियों की हड़ताल खत्म,...

CM मोहन यादव से मुलाकात के बाद सफाई कर्मियों की हड़ताल खत्म, 20 हजार रुपये तक मिलेगा मासिक वेतन

8
0
Jeevan Ayurveda

bplnews24:

भोपाल
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मुलाकात के बाद सफाई कर्मियों ने अपनी हड़ताल खत्म कर दी है। राज्य मंत्री कृष्णा गौर के नेतृत्व में मुख्यमंत्री आवास पहुंचकर सफाई कर्मियों के प्रतिनिधि मंडल ने शुक्रवार को सीएम डॉ. यादव से मुलाकात के बाद हड़ताल खत्म करने का निर्णय लिया। इसके साथ ही सफाईकर्मी काम पर वापस लौटे और कुछ क्षेत्रों में सफाई का काम शुरू कर दिया है।

Ad

मुख्यमंत्री से मुलाकात के बाद सफाई कर्मियों की वेतन वृद्धि और दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों को स्थायी करने का रास्ता साफ हो गया है। सफाई कर्मचारियों को 20 हजार रुपये महीने तक मिल सकते हैं।

सफाई कर्मियों को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सफाई कर्मचारियों की हड़ताल खत्म हो गई है। हम हर एक कर्मचारी के साथ है। अधिकारियों-कर्मचारियों को लेकर हमारी सरकार का बड़ा मन है, हम सबको जोड़कर काम करेंगे।

तीन दिन से हड़ताल पर थे सफाई कर्मी
दरसअल, अखिल भारतीय सफाई मजदूर ट्रेड यूनियन के तत्वावधान में सफाईकर्मी 10,500 रुपये वेतन बढ़ाकर 25 हजार रुपये महीने करने समेत चार मांगों को लेकर तीन दिन से हड़ताल पर थे। इससे शहर की सड़कों पर कचरे का ढेर जमा हो गया। इतना ही नहीं सफाई कर्मियों ने शुक्रवार को टैंकरों से पानी की सप्लाई भी बंद कर दी। इससे कई क्षेत्रों में पानी का संकट हो गया।

यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष मगनलाल झांझोट ने बताया कि सीएम के समक्ष कर्मचारियों के नियमितीकरण, वेतन वृद्धि, अनुकंपा नियुक्ति और ठेका प्रथा समाप्त करने जैसी मुख्य समस्याएं रखी गईं। मुख्यमंत्री ने सभी बिंदुओं को गंभीरता से सुनते हुए एक उच्चस्तरीय कमेटी गठित कर दी है। जो एक माह के भीतर चार प्रमुख मांगों पर प्रक्रिया शुरू करेगी।

उच्चस्तरीय कमेटी इन मांगों लेगी निर्णय

– सफाई कर्मचारियों का नियमितीकरण।
– जिन दैनिक वेतन भोगी (दैवेभो) कर्मचारियों की सेवा के 10 वर्ष पूर्ण हो चुके हैं, उन्हें विनियमित करना।
– जो कर्मचारी 10 वर्ष की समय-सीमा के दायरे में नहीं आते, उनका मासिक वेतन बढ़ाकर 18 से 19 हजार रुपये किया जाना।
– दिवंगत कर्मचारियों के पति या पत्नी को अनुकंपा नियुक्ति प्रदान करना।
– ठेका प्रथा को समाप्त करने के लिए सामान्य प्रशासन विभाग को विधिवत प्रस्ताव भेजा जाना।

 

Jeevan Ayurveda Clinic

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here